इसरो ने अपने निजीकरण और भूमिका कम होने की अफवाहों को पूरी तरह खारिज कर दिया है. स्पेस एजेंसी ने साफ किया कि वह भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम की मुख्य संस्था बनी रहेगी. अब इसरो नई तकनीक जैसे कि भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन (2035) और चंद्र मिशन (2040) पर ध्यान केंद्रित करेगा जबकि विकसित हो चुकी […]
Source: Read Full Article