आगरा: उत्तर प्रदेश के आगरा में पति-पत्नी के रिश्ते को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। किरावली क्षेत्र की एक महिला ने अपने पति पर शादी से पहले बेरोजगारी छिपाने, शराब का आदी होने और बाद में उस पर देह व्यापार करने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है। महिला के मुताबिक, विरोध करने पर उसके साथ मारपीट भी की गई।
मामला आगरा पुलिस लाइन स्थित परिवार परामर्श केंद्र पहुंचा है, जहां दोनों पक्षों की काउंसिलिंग कर विवाद सुलझाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
शादी के समय पति को बताया गया था कमाऊ
पीड़िता किरावली क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही है। उसने परिवार परामर्श केंद्र में शिकायत करते हुए आरोप लगाया कि करीब तीन साल पहले उसकी शादी मथुरा के लोहवन निवासी एक युवक से हुई थी।
महिला का कहना है कि शादी के समय पति को कमाने वाला बताया गया था, लेकिन शादी के बाद उसे पता चला कि पति बेरोजगार है। नौकरी नहीं मिलने के बाद वह कथित तौर पर शराब का सेवन करने लगा।
पत्नी पर देह व्यापार का दबाव बनाने का आरोप
महिला ने आरोप लगाया कि पति की आर्थिक स्थिति खराब होने के बाद उसने उस पर देह व्यापार करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया।
महिला के अनुसार, जब उसने पति की इस मांग का विरोध किया तो उसके साथ कथित तौर पर मारपीट की गई। इसके बाद वह अपने 15 दिन के बच्चे के साथ मायके में रह रही है।
शिकायत में महिला ने यह भी आरोप लगाया कि पति ने करीब तीन साल से उसकी कोई सुध नहीं ली है।
परिवार परामर्श केंद्र में हो रही काउंसिलिंग
मामला पुलिस तक पहुंचने के बाद परिवार परामर्श केंद्र में दोनों पक्षों को बुलाया गया है। अधिकारियों की मौजूदगी में पति-पत्नी की काउंसिलिंग की जा रही है और विवाद को आपसी बातचीत के जरिए सुलझाने की कोशिश की जा रही है।
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, मामले में लगाए गए आरोपों की जांच और काउंसिलिंग की प्रक्रिया जारी है। इसलिए महिला द्वारा लगाए गए आरोपों को अभी अंतिम रूप से साबित तथ्य नहीं माना जा सकता।
एक अन्य पारिवारिक विवाद भी पहुंचा केंद्र
इसी परिवार परामर्श केंद्र में एक अन्य वैवाहिक विवाद भी सामने आया। इस मामले में विद्यानगर निवासी युवक की शादी बरौली कटरा निवासी युवती से हुई थी।
आरोप है कि युवती का अपनी सास के साथ विवाद बढ़ गया। इसके बाद दोनों परिवारों के बीच तनाव की स्थिति बनी। महिला की मां पर भी बेटी के आत्महत्या करने और ससुराल पक्ष को झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं।
इस मामले में भी परिवार परामर्श केंद्र दोनों पक्षों की काउंसिलिंग कर रहा है।
क्या है परिवार परामर्श केंद्र की भूमिका?
परिवार परामर्श केंद्र का उद्देश्य वैवाहिक और पारिवारिक विवादों को बातचीत और काउंसिलिंग के माध्यम से सुलझाने का प्रयास करना है। ऐसे मामलों में दोनों पक्षों को बुलाकर उनकी समस्याएं सुनी जाती हैं और आपसी सहमति से समाधान निकालने की कोशिश की जाती है।
आगरा के इस मामले में भी फिलहाल इसी प्रक्रिया के तहत पति-पत्नी के बीच विवाद को सुलझाने की कोशिश जारी है।
निष्कर्ष
आगरा के इस मामले ने वैवाहिक रिश्ते में रोजगार की स्थिति छिपाने, शराब की लत और कथित जबरन देह व्यापार के दबाव जैसे गंभीर आरोपों को सामने ला दिया है। महिला अपने 15 दिन के बच्चे के साथ मायके में है और परिवार परामर्श केंद्र में मामले की काउंसिलिंग चल रही है। आगे की स्थिति काउंसिलिंग और जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।