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Maheshwar Voter ID Case: महेश्वर के घाट पर मिले इंदौर के 343 वोटर कार्ड, CEC ज्ञानेश कुमार पर FIR के लिए कांग्रेस ने दिया धरना

dbnadmin
DBN विशेष संवाददाता
26 October 2026 12:27 PM 1 मिनट पठन 134 Views
Maheshwar Voter ID Case: महेश्वर के घाट पर मिले इंदौर के 343 वोटर कार्ड, CEC ज्ञानेश कुमार पर FIR के लिए कांग्रेस ने दिया धरना

Maheshwar Voter ID Case: मध्यप्रदेश के खरगोन जिले के महेश्वर में नर्मदा घाट पर इंदौर के 343 वोटर कार्ड मिलने से हड़कंप मच गया। रविवार दोपहर सफाई अभियान से जुड़ी संस्था के सदस्यों को ये कार्ड नदी में तैरते और किनारे पड़े मिले। कार्ड पर इंदौर के तिलक नगर, आस्था पैलेस समेत अन्य पते दर्ज हैं। मामला सामने आने के बाद कांग्रेस (Congress) ने वोट चोरी (Vote Chori) का आरोप लगाते हुए देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार (CEC Gyanesh Kumar) के खिलाफ FIR दर्ज कराने की मांग की। कांग्रेस ने एक घंटे तक दिया धरना इंदौर से करीब 90 किलोमीटर दूर इतनी बड़ी संख्या में वोटर कार्ड मिलने के बाद कांग्रेस ने विरोध जताया। खरगोन जिला कांग्रेस अध्यक्ष रवि नाइक के नेतृत्व में पार्टी नेताओं ने मंडलेश्वर थाने पहुंचकर CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की। इसके लिए कांग्रेस ने एक घंटे तक धरना दिया। कार्ड पर 2016 का साल दर्ज होने का दावा रवि नाइक का दावा है कि मिले वोटर कार्ड पर 2016 का साल दर्ज है, जबकि ये डिजिटल कार्ड हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर डिजिटल कार्ड की शुरुआत 2021 में हुई तो इन पर 2016 कैसे दर्ज है। नाईक ने कहा कि वोटर आईडी के EPIC नंबर को सिस्टम में डालकर कार्डों की स्थिति पता की जा सकती है। कांग्रेस ने लगाया सबूत नष्ट करने का आरोप रवि नाइक ने इन कार्डों को वोट चोरी से जुड़े सबूत बताते हुए आरोप लगाया कि इन्हें नर्मदा नदी में फेंकना सबूत नष्ट करने की कोशिश हो सकती है। उन्होंने कहा कि किसी आम व्यक्ति के पास इतनी बड़ी संख्या में वोटर आईडी होना संभव नहीं है और इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। नाइक ने सवाल उठाया कि इंदौर के वोटर कार्ड मंडलेश्वर कैसे पहुंचे, इन्हें कौन लेकर आया और नदी में क्यों फेंका गया। कांग्रेस ने इन सवालों के जवाब तलाशने के लिए FIR दर्ज कर जांच कराने की मांग की है। ये खबर भी पढ़ें: कांग्रेस अध्यक्ष के बयान की सीएम मोहन यादव ने की निंदा, कहा- कांग्रेस दिवंगत परिजन को भी राजनीति में घसीटने से नहीं चूकती इंदौर प्रशासन से मांगी जा रही जानकारी SDOP श्वेता शुक्ला ने बताया कि संबंधित चुनाव कार्यालय और इंदौर प्रशासन से पत्राचार कर मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। कार्ड कहां से आए और महेश्वर तक कैसे पहुंचे, इन सवालों पर आगे की जानकारी का इंतजार है। हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें: https://chat.whatsapp.com/IXahwEVgJHyHpyGZjyYpHk

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