Sunday, 27 September 2026
होम DBN Samachar नेपाल में भारी बारिश से यूपी की नदियां उफान पर, कई जिलों में बाढ़ का खतरा; प्रशासन अलर्ट
DBN Samachar

नेपाल में भारी बारिश से यूपी की नदियां उफान पर, कई जिलों में बाढ़ का खतरा; प्रशासन अलर्ट

dbnadmin
DBN विशेष संवाददाता
26 September 2026 11:37 AM 1 मिनट पठन 1111 Views
नेपाल में भारी बारिश से यूपी की नदियां उफान पर, कई जिलों में बाढ़ का खतरा; प्रशासन अलर्ट

लखनऊ: नेपाल के पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही भारी बारिश का असर अब उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती और पूर्वी जिलों में दिखाई देने लगा है। नेपाल और यूपी में लगातार बारिश के कारण बड़ी गंडक, राप्ती, रोहिन और चंदन समेत कई नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। इससे कई इलाकों में अचानक बाढ़ और जलभराव का खतरा बढ़ गया है। प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है।

इन जिलों में बढ़ा बाढ़ का खतरा

लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर, बस्ती, सिद्धार्थनगर, संतकबीरनगर और महराजगंज समेत कई जिलों में सतर्कता बढ़ाई गई है।

प्रशासन ने लोगों से उफनती नदियों, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की अपील की है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को मौसम और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों पर नजर रखने को कहा गया है।

बड़ी गंडक का बढ़ा डिस्चार्ज

नेपाल के जल अधिग्रहण क्षेत्र में भारी बारिश के बाद बड़ी गंडक नदी में पानी का प्रवाह तेजी से बढ़ा है। रिपोर्ट के मुताबिक, वाल्मीकिनगर गंडक बैराज पर शुक्रवार दोपहर नदी का डिस्चार्ज करीब 79 हजार क्यूसेक था, जो शाम तक बढ़कर 1,21,500 क्यूसेक तक पहुंच गया।

पानी बढ़ने से कुशीनगर के रेता क्षेत्र में रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है। छितौनी तटबंध के आसपास नदी के बढ़ते दबाव और कटान की आशंका को देखते हुए सिंचाई विभाग की टीमें संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण कर रही हैं।

राप्ती, रोहिन और चंदन नदियां भी उफान पर

महराजगंज में भी कई नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। धानी क्षेत्र में रिगौली बांध के पास राप्ती नदी का जलस्तर 76.85 मीटर, जबकि सदर क्षेत्र के त्रिमुहानी घाट पर रोहिन नदी 78.48 मीटर पर दर्ज की गई।

ठूठीबारी क्षेत्र में चंदन नदी का जलस्तर 99.65 मीटर बताया गया है। हालांकि कंट्रोल रूम के अनुसार महराजगंज और नेपाल सीमा से जुड़े तटबंध फिलहाल सुरक्षित हैं।

छितौनी तटबंध पर बढ़ा दबाव

कुशीनगर में नदी के बढ़ते जलस्तर का असर छितौनी तटबंध पर भी दिखाई दे रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, भैसहा गेज पर बड़ी गंडक नदी चेतावनी बिंदु से ऊपर बह रही है। इससे तटबंध पर बनाए गए स्परों पर नदी के तेज बहाव का दबाव बढ़ गया है।

ठोकर नंबर दो और भेड़ियारी ठोकर नंबर तीन के आसपास कटान की आशंका को देखते हुए संबंधित विभाग निगरानी कर रहा है।

सीएम योगी ने अधिकारियों को दिए अलर्ट रहने के निर्देश

बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशासन को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों से विशेष रूप से जर्जर मकानों और झोपड़ियों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा गया है।

जरूरत पड़ने पर ऐसे परिवारों को नजदीकी राहत शिविरों में पहुंचाने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि अचानक बाढ़ या भारी बारिश की स्थिति में किसी तरह का बड़ा नुकसान न हो।

यूपी में बारिश को लेकर भी चेतावनी

नेपाल से आने वाले पानी के साथ-साथ उत्तर प्रदेश में भी भारी बारिश की स्थिति बनी हुई है। 26 सितंबर को राज्य के कई जिलों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। तराई क्षेत्र में लगातार बारिश के कारण जलभराव और नदियों के जलस्तर बढ़ने की आशंका बनी हुई है।

मौसम विभाग के अलर्ट में श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर समेत कई जिलों में बहुत भारी बारिश की संभावना बताई गई है। वहीं गोंडा, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर, बस्ती, गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर और महराजगंज जैसे क्षेत्रों में भी बारिश और बाढ़ की स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

लोगों से सावधानी बरतने की अपील

प्रशासन ने लोगों से नदी और नालों के किनारे जाने से बचने की अपील की है। खासकर बच्चों को उफनती नदियों और जलभराव वाले स्थानों से दूर रखने की सलाह दी गई है।

निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को पानी बढ़ने की स्थिति में तुरंत सुरक्षित स्थान पर जाने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।

प्रतिक्रिया दें (Leave a Reply)

आपका ईमेल पता सुरक्षित है और प्रकाशित नहीं किया जाएगा। आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *