लखनऊ: उत्तर प्रदेश में दोपहिया वाहनों पर हेलमेट को लेकर ट्रैफिक नियमों को और सख्त किया जा रहा है। अब बाइक या स्कूटर पर पीछे बैठने वाले पिलियन राइडर के लिए भी हेलमेट पहनना जरूरी होगा। अगर पीछे बैठी सवारी बिना हेलमेट मिली तो वाहन का ऑनलाइन चालान किया जा सकेगा।
पीछे बैठने वाले के लिए भी हेलमेट अनिवार्य
नई ई-चालान व्यवस्था में पिलियन राइडर के हेलमेट को लेकर भी अलग विकल्प शामिल किया जा रहा है। यानी अब केवल बाइक चलाने वाले व्यक्ति का हेलमेट चेक नहीं होगा, बल्कि पीछे बैठी सवारी ने हेलमेट पहना है या नहीं, इसका भी रिकॉर्ड किया जा सकेगा।
अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक, सहयात्री के लिए हेलमेट अनिवार्य करने का प्रावधान पहले से मौजूद है, लेकिन इसके उल्लंघन के खिलाफ चालान व्यवस्था को अब नए तरीके से लागू किया जा रहा है।
कैमरे से भी कट सकता है चालान
नई व्यवस्था में पिलियन राइडर के बिना हेलमेट होने पर चालान सिर्फ मौके पर रोककर ही नहीं, बल्कि एप और ITMS कैमरों के जरिए भी किया जा सकता है। इसके अलावा फोटो के आधार पर भी ई-चालान की कार्रवाई की जा सकेगी।
इस व्यवस्था के तहत चालान की जिम्मेदारी वाहन के मालिक पर आएगी और निर्धारित राशि का भुगतान करना होगा।
ई-चालान सिस्टम में चल रहा है बदलाव
रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश में ई-चालान प्रणाली को अपडेट किया जा रहा है। 21 सितंबर की रात से ई-चालान व्यवस्था बंद है और पुराने डेटा को नए सर्वर पर ट्रांसफर करने का काम चल रहा है।
अधिकारियों के मुताबिक डेटा ट्रांसफर पूरा होने के बाद ई-चालान की व्यवस्था दोबारा शुरू होगी। इसके बाद नए सिस्टम के तहत यातायात नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की जाएगी।
क्यों जरूरी किया जा रहा है पिलियन हेलमेट?
दोपहिया वाहन पर दुर्घटना होने की स्थिति में पीछे बैठी सवारी को भी गंभीर चोट लगने का खतरा रहता है। इसी वजह से पिलियन राइडर के लिए भी हेलमेट की व्यवस्था की गई है।
अब नई चालान व्यवस्था के जरिए इस नियम के पालन को तकनीकी निगरानी से जोड़ने की तैयारी है। इससे ट्रैफिक विभाग को बिना हेलमेट यात्रा करने वाले पिलियन राइडर की पहचान करने में मदद मिल सकती है।
बाइक चलाने वालों को क्या ध्यान रखना होगा?
नई व्यवस्था लागू होने के बाद दोपहिया वाहन पर निकलते समय सिर्फ चालक का हेलमेट पहनना पर्याप्त नहीं होगा। अगर पीछे कोई व्यक्ति बैठा है तो उसके पास भी हेलमेट होना जरूरी होगा।
खास तौर पर परिवार के सदस्यों, बच्चों या किसी अन्य सहयात्री को बाइक पर बैठाने से पहले चालक को यह सुनिश्चित करना होगा कि पिलियन राइडर भी हेलमेट पहने।